“दोस्तों संग मौज मस्ती बनी हादसे की वजह”
Deoli News 7 मई (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) राजमहल गांव के पास बनास नदी के डाउन स्ट्रीम में स्थित शिलाबारी दह में बुधवार को हुआ हादसा गुरुवार सुबह शव मिलने के साथ खत्म हुआ। दरअसल देवीखेड़ा ग्राम पंचायत के नेगड़िया गांव निवासी लोकेश मीणा का शव करीब 18 घंटे चले सर्च ऑपरेशन के बाद बरामद कर लिया गया है।
यूं हुआ पूरा घटनाक्रम
यह हादसा बुधवार दोपहर उस वक्त हुआ जब नेगड़िया निवासी लोकेश मीणा पुत्र ओमप्रकाश मीणा अपने दोस्तों के साथ राजमहल स्थित बनास नदी में नहाने के लिए गया था। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार लोकेश और उसके साथी नदी के गहरे पानी में मस्ती करने के लिए ट्रैक्टर-ट्रॉली के ट्यूब का सहारा ले रहे थे। उन्होंने ट्यूब में हवा भरी और उसके ऊपर बैठकर नदी के बीच गहरे पानी में चले गए। नहाने के आनंद और मस्ती के बीच अचानक लोकेश का संतुलन बिगड़ गया और वह ट्यूब से फिसलकर सीधे गहरे पानी में जा गिरा।

तैरना नहीं आने से हुआ हादसा
बताया जा रहा है कि जिस जगह यह हादसा हुआ, वहां पानी की गहराई करीब 10 से 12 फीट थी। लोकेश को तैरना नहीं आता था, जिसके चलते वह खुद को संभाल नहीं सका और पानी में डूबने लगा। उसके साथ मौजूद दोस्त ने उसे बचाने का प्रयास किया और खुद किसी तरह तैरकर किनारे पहुंचा, लेकिन लोकेश देखते ही देखते गहराई में ओझल हो गया।
देर तक चला सर्च ऑपरेशन, सुबह मिली सफलता
घटना की सूचना मिलते ही ग्रामीणों और नाविकों ने अपने स्तर पर तलाश शुरू की, लेकिन सफलता नहीं मिलने पर दूनी थाना पुलिस और प्रशासन को सूचित किया गया। देवली पुलिस उपाधीक्षक हेमराज और थाना प्रभारी रतन सिंह तंवर की मौजूदगी में सिविल डिफेंस और फिर अजमेर से आई एसडीआरएफ की टीम ने मोर्चा संभाला। बुधवार देर रात तक टॉर्च की रोशनी में रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया गया, लेकिन अंधेरे और पानी की गहराई के कारण लोकेश का सुराग नहीं लग सका। इधर, गुरुवार सुबह दोबारा सर्च ऑपरेशन शुरू किया गया और गोताखोरों ने कड़ी मशक्कत के बाद लोकेश के शव को दह से बाहर निकाला। इस घटना के बाद मृतक के परिवार और क्षेत्र में शोक व्याप्त है। उल्लेखनीय है कि हर वर्ष बीसलपुर बांध की दह में डूबने से कई युवकों की जान जाती है। इनमें ज्यादातर जयपुर के युवा शामिल होते है। इन सब हादसों में मौज मस्ती ही मौत की जिम्मेदार है। युवा जोखिम को दरकिनार कर मौत को गले लगा रहे हैं।




