Desk News 5 फरवरी (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना एमएसएमई मंत्रालय द्वारा हाथ से काम करने वाले पारंपरिक, कामगारों, कारीगरों एवं शिल्पकारों को सशक्त बनाने के लिए शुरू की गई है।
जिला उद्योग एवं वाणिज्य केंद्र के महाप्रबंधक ने बताया कि पीएम विश्वकर्मा योजना में 18 वर्ष से अधिक उम्र के व्यक्ति आवेदन कर सकते है। जिसने केंद्र सरकार या राज्य सरकार द्वारा संचालित क्रेडिट आधारित योजनाओं में गत 5 वर्षो में लाभ नहीं लिया हो। एक परिवार से एक सदस्य ही आवेदन का पात्र होगा। परिवार में कोई व्यक्ति राजकीय सेवा में नहीं होना चाहिए। योजना में पंजीकरण के लिए आधार कार्ड, राशन कार्ड, बैंक पासबुक एवं मोबाइल नंबर आवश्यक है।
इन दस्तकारों को मिलेगा लाभ
योजना के लिए बढ़ई, नाव बनाने वाला, अस्त्रकार, लुहार, हथौड़ा टूल किट निर्माता, ताला बनाने वाला, सुनार, कुम्हार, मूर्तिकार, जूता कारीगर, राजमिस्त्री, टोकरी, चटाई, झाड़ू निर्माता, कॉयर बुनकर, गुड़िया और खिलौना बनाने वाले, नाई, माला निर्माता, धोबी, दर्जी एवं मछली पकड़ने का जाल बनाने वाले को योजना का लाभ मिल सकेगा।
योजना के लाभ
महाप्रबंधक ने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए आवेदनकर्ता को पीएम विश्वकर्मा प्रमाणपत्र एवं आईडी कार्ड, बिना जमानत के 5 प्रतिशत रियायती ब्याज दर पर 3 लाख रुपए तक का उद्यम विकास ऋण, कौषन उन्नयन के लिए प्रषिक्षण भत्ता 500 रुपए प्रतिदिन, 15 हजार रुपए तक का टूलकिट प्रोत्साहन, डिजिटल लेनदेन पर प्रोत्साहन एवं बाजार उपलब्ध कराने में सहयोग किया जाएगा।


