Friday, April 24, 2026
No menu items!
spot_imgspot_imgspot_imgspot_img
HomeCrime Newsपीड़ित के होश में आए बगैर बदमाशों को पकड़ना असली चुनौती!

पीड़ित के होश में आए बगैर बदमाशों को पकड़ना असली चुनौती!

लूट-गला रेतने का मामला, दूसरे दिन भी कोई पुलिस करती रही मशक्कत


Deoli News 2 मई (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) देवली के होटल व्यवसायी लालासिंह घोषी को अज्ञात बदमाशों द्वारा हमले में गम्भीर घायल करने व नकदी की लूट के मामले में हनुमान नगर पुलिस दूसरे दिन भी मशक्कत करती रही, लेकिन फिलहाल कोई खास सुराग हाथ नही लगा है।

उधर, मंगलवार को जयपुर रैफर किए गए पीड़ित की हालत स्थिर बनी हुई है। लेकिन हालत में कुछ सुधार बताया जा रहा है। बुधवार रात पीड़ित का ऑपरेशन हुआ तथा वह फिलहाल वह खतरे से बाहर बताए जा रहे है। पुलिस को प्रतीक्षा है कि पीड़ित की हालत में सुधार हो और वह बयान देने की स्थिति में आए तो आगे के सुराग मिले। शहर के बाहर घटित ख़ौफ़नाक कांड के बाद पुलिस के सामने मामले को खोलने की कड़ी चुनौती है। अव्वल तो प्रकरण में पीड़ित के बाद वह होटल मालिक है, जिसे पीड़ित ने घटना के तुरंत बाद फोन कर घटना की जानकारी दी थी। इसके अलावा फ़िलहाल कोई महत्वपूर्ण जानकारी नही मिली है। जिससे ये कहा जा सके कि मामले की तह में जाने का कोई सुराग हाथ लगा हो।

सूत्रों के मुताबिक जो शराब की बोतल घटनास्थल पर बरामद हुई है, उसके बेच नम्बर के मुताबिक उक्त शराब देवली शहर के बाहर से खरीदी गई है। पुलिस ने शहर व आसपास स्थित शराब की दुकानों पर छानबीन कर पता करने की कोशिश की लेकिन जांच में पता लगा है कि उक्त बेच नम्बर की शराब देवली शहर व आसपास के क्षेत्रों की दुकानों को आवंटित ही नही की गई। ऐसे में पुलिस को आबकारी विभाग से जानकारी लेने के लिए जुटना पड़ रहा है। चूंकि पीड़ित फ़िलहाल बयान देने की हालत में नही है, ऐसे में पुलिस पर ज्यादा दबाव और चुनौती है। फिलहाल पुलिस के समक्ष जांच का केंद्र बिंदु तय करने की समस्या है। लाल सिंह के नकदी लेकर स्कूटी से इमानुअल स्कूल वाले रास्ते से अपनी होटल जाने के लिए रवाने की सूचना बदमाशों को थी।

सवाल ये भी है कि क्या पीड़ित के इमानुअल स्कूल तक पहुँचने की जानकारी देने वाला कोई मौजूद था? ऐसे में पुलिस को बदमाशों के ” एंट्री पॉइंट” की जांच करनी चाहिए। कोटा-जयपुर बाईपास और शहर के जयपुर रोड के दरम्यान बदमाशों ने घटनास्थल पर प्रवेश किया था, ऐसे में उनकी एंट्री किस रास्ते हुई और फिर वे घटना अंजाम देकर किस दिशा में फरार हुए, ये मामले में महत्वपूर्ण है। पुलिस के लिए ये मामला एक अंधी गली की तरह है। लिहाजा पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ेगी।

अगर शराब बाहर से खरीदी तो हमलावर बाहर से आए होंगे। घटनास्थल पर मिली ई सिगरेट के पैकेट, चिलम और शराब की बोतल से लगता है कि बदमाशों में से कुछ चरस आदि के शौकीन हो सकते है।

RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

%d