चार नामजद सहित 30 जनों के खिलाफ 143, 436 का मामला दर्ज
Jahazpur News 8 फरवरी (आज़ाद नेब) अवैध खनन एवं परिवहन पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस के उच्च अधिकारीयों के निर्देशन में गत 5 फरवरी को बनास नदी के अंदर लगाई गई अस्थाई पुलिस चौकी को बजरी माफियाओं ने जलाकर राख कर दिया।
थानाधिकारी शंकर सिंह ने बताया कि बुधवार देर रात एमबीसी के जवान गश्त के लिए नदी क्षेत्र में गए थे। तभी कुछ लोगों ने बनास नदी में लगी अस्थाई चौकी को आग के हवाले कर दिया। हालांकि इसमें कोई हताहत तो नहीं हुआ। लेकिन चौकी में रखे जवानों के सभी सामान जलकर राख हो गए। इस मामले को गंभीरता से लेते हुए पुलिस ने चार नामजद सहित 25 से 30 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। अपराध करने वालों वालों को पुलिस ढूंढ रही है। इस आग से दो टेंट चारपाई व बिस्तर एवं जवानों के कुछ सामान जलकर राख हो गए। पुलिस द्वारा लिखी गई एफआईआर के मुताबिक अवैध बजरी खनन की रोकथाम के लिए टेंट लगाए गए। जाप्ता वापस लौटा तो अस्थाई टेन्ट मे आग लगी हुई थी।
पुलिस जीप को देख कर आग लगाने वाले लोग बनास नदी मे पैदल पैदल भागने लगे। जिनकी पहचान मीणा (पैडेवाला), सन्तकुमार पुत्र सोराज मीणा, पप्पू लाल पुत्र धर्मराज गुर्जर, पीरु पुत्र मूलचन्द गुर्जर निवासी गांगीथला के रुप में हुई। इनके अलावा अन्य करीब 25-30 व्यक्ति थे। जिनकी अंधेरा होने से पहचान नही हो सकी। सभी अभियुक्त अंधेरे का फायदा उठा कर नदी मे भाग छुटे। जाप्ते की मदद से अस्थाई टेन्ट मे लगी हुई आग का बुझाई। दरअसल पुलिस दल लक्ष्मीपुरा, जालमपुरा की तरफ बनास नदी मे गश्त करने गया था। जलते हुए अस्थाई टेन्ट की विडियोग्राफी की गई।
उक्त हादसे में अस्थाई 2 टेन्ट, 4 चारपाई, गददे, रजाई जल गई। यह अपराध धारा 143, 436 में दर्ज कर जांच सहायक उप निरीक्षक भागचंद को सौंपी गई है।


