@राजेंद्र बागड़ी
Deoli News 20 जुलाई (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) बीसलपुर डेम फिर पूर्ण जलभराव क्षमता के आखरी चरण पर है। रविवार सुबह 6 बजे से दोपहर 12 बजे तक बीते 6 घण्टों में 6 सेमी पानी बढ़ने का मतलब है कि हर घण्टे में एक सेमी पानी की आवक हो रही है।
इसी आवक के चलते डेम ने 315 मीटर को छू लिया है, जो जुलाई महीने की बड़ी उपलब्धि है। यदि पानी का आवक यूं ही बनी रहे तो अगले दो दिन काफी अहम साबित हो सकते है। हालांकि त्रिवेणी पर पानी की आवक में उतार-चढ़ाव जारी है। लेकिन बनास की सहायक नदियों खारी, डाई में भी पानी की आवक बनी हुई है, ये आवक त्रिवेणी के गेज से अलग है, जो दर्ज नही होती। अजमेर जिले में हुई भारी वर्षा के बाद इन नदियों से होते हुए बनास में पानी धीमी, लेकिन आवक बनी हुई है।
यहीं वजह है कि त्रिवेणी पर गेज के उतार-चढ़ाव के बाद भी डेम में एक- एक सेमी प्रति घण्टे के हिसाब से आवक बनी हुई है। हालांकि बनास पर बना मातृकुंडिया डेम अभी खाली है। साथ ही गम्भीरी डेम भी अभी डिस्चार्ज करने की स्थिति में नही है। बावजूद बीसलपुर डेम फिर 8 वी बार मुस्कराने के करीब पहुँच गया है। आंकड़ो के मुताबिक डेम की पूर्ण जलभराव क्षमता 315.50 मीटर है और वर्तमान में डेम का जलस्तर 315 मीटर है, जाहिर है डेम छलकने से मात्र 50 सेमी दूर है। यदि पानी की आवक यूं ही बरकरार रहती है तो डेम को छलकने के लिए औसतन 2 दिन से ज्यादा का वक्त लग सकता है।
यदि कैचमेंट एरिया में जबरदस्त बारिश का दौर शुरू होता है तो अवधि घट भी सकती है। ये गणित अब डेम में पानी की आवक पर निर्भर है। गौरतलब है बीसलपुर डेम निर्माण के बाद 7 बार पूर्ण भरकर छलक चुका है। इस बार ये 8 वी बार छलकने आतुर है। खास बात ये है कि बीसलपुर 7 बार अगस्त महीने में छलका था, लेकिन इस बार यदि ये भरता है तो ये रिकॉर्ड पहली बार जुलाई महीने के नाम दर्ज होगा।



