“साइबर ठगी में लिप्त गिरोह का पर्दाफाश”
Deoli News 1 जून (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) राजस्थान पुलिस मुख्यालय के विशेष अभियान “म्यूल हंटर” के तहत देवली पुलिस ने साइबर ठगी करने वाले एक संगठित गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए देवली थाना पुलिस ने चार आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
यह गिरोह शेयर मार्केट ट्रेडिंग के नाम पर लोगों को अधिक लाभ का प्रलोभन देकर साइबर ठगी को अंजाम देता था और अवैध बैंक खातों के माध्यम से राशि का लेनदेन करता था। टोंक पुलिस अधीक्षक रोशन मीणा के निर्देशानुसार इस कार्रवाई को अंजाम देने के लिए पुलिस की टीम का गठन किया गया था। पुलिस उपाधीक्षक देवली हेमराज मुण्ड के मार्गदर्शन में देवली थानाधिकारी दौलतराम गुर्जर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने रविवार को संदेह के आधार पर दो कारों में सवार चार व्यक्तियों को हिरासत में लिया।

डिजिटल उपकरण बरामद हुए
पूछताछ और तलाशी के दौरान पुलिस ने आरोपियों के पास से कई मोबाइल फोन, सिम कार्ड, बैंक खाते, क्यूआर कोड और अन्य डिजिटल उपकरण बरामद किए। जांच में सामने आया कि आरोपी निखिल शर्मा उर्फ गोलू, अन्य साथियों भावतोश विश्वास, मनराज गुर्जर और लोकेश मीणा को बैंक खाते, एटीएम कार्ड और चेकबुक उपलब्ध कराने के लिए प्रेरित करता था। इन खातों का उपयोग साइबर ठगी से अर्जित धन प्राप्त करने के लिए किया जाता था, जिसे बाद में कमीशन के बदले पहुँचाया जाता था। एनसीआरपी पोर्टल और बैंकिंग आंकड़ों के विश्लेषण से इन खातों में 6 लाख 42 हजार 740 रुपए की ठगी की राशि जमा होने की पुष्टि हुई है। पुलिस द्वारा की गई बरामदगी में आरोपियों के चार मोबाइल फोन, एक मारुति बलेनो कार और एक मारुति स्विफ्ट कार शामिल हैं।
यह गिरफ्तार हुए आरोपी
गिरफ्तार किए गए आरोपियों में जयपुर के प्रताप नगर व हाल निवासी निवारिया निखिल शर्मा (गोलू) पुत्र योगेश कुमार शर्मा, देवली के बंगाली कॉलोनी निवासी भवतोश विश्वास पुत्र भीम विश्वास, गांवड़ी निवासी मनराज पुत्र गणेश लाल गुर्जर और राजनगर थाना दूनी निवासी लोकेश मीणा पुत्र धर्मराज मीणा शामिल हैं। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है, ताकि इस नेटवर्क से जुड़े अन्य पहलुओं का पता लगाया जा सके।
पुलिस की गठित करवाई टीम में एएसआई गोपाल सिंह राठौड़, एएसआई हनुमान सिंह, कांस्टेबल हुकमनाथ, जीतराम, करतार, महिला कांस्टेबल नीलम, आकाश आदि शामिल रहे।


