गणपति बप्पा मोरया… जयकारों के बीच बनास में हुआ गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन
Deoli News 25 सितंबर (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) अनंत चतुर्दशी के अवसर पर शुक्रवार को देवली शहर में गणेश महोत्सव का श्रद्धा और उल्लास के साथ समापन हुआ। शहर के विभिन्न मोहल्लों और अलग-अलग समाज व लोगों की ओर से स्थापित की गई भगवान गणेश की प्रतिमाओं को शोभायात्रा के साथ नगर पालिका क्षेत्र के बोयडा गांव बनास नदी पर ले जाकर विधिवत विसर्जित किया गया।
इस दौरान श्रद्धालु भगवान गणेश के जयकारे लगाते हुए चल रहे थे और पूरे मार्ग में भक्ति का माहौल बना रहा। शहर के विभिन्न क्षेत्रों में स्थापित गणेश प्रतिमाओं की शुक्रवार को अलग-अलग स्थानों से शोभायात्राएं निकाली गईं। शोभायात्राओं में बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। श्रद्धालु ढोल-नगाड़ों और जयकारों के साथ गणपति बप्पा की प्रतिमा को लेकर बनास नदी की ओर रवाना हुए। रास्ते में श्रद्धालुओं ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर गणेश उत्सव की।शुभकामनाएं दीं। कई स्थानों पर श्रद्धालुओं ने उत्साह के साथ गुलाल उड़ाई। बनास नदी पहुंचने के बाद भगवान गणेश की प्रतिमाओं की पूजा-अर्चना की गई। इसके बाद प्रतिमाओं को नौका के माध्यम से नदी के मध्य ले जाया गया, जहां विधि-विधान के साथ गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। प्रतिमा विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं ने ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयकारे लगाए। प्रतिमा विसर्जन के साथ ही श्रद्धालु भावुक नजर आए और नम आंखों से भगवान गजानन को विदाई दी।
“घरों में खीर-रोठ का भोग लगाया”
अनंत चतुर्दशी पर घरों में भी भगवान अनंत की पूजा-अर्चना की गई। श्रद्धालुओं ने भगवान को विशेष भोग लगाया। इस अवसर पर परंपरानुसार घरों में खीर-रोठ बनाकर भगवान को भोग अर्पित किया गया। परिवार के सदस्यों ने भगवान की पूजा कर सुख-समृद्धि और मंगल की कामना की। गणेश महोत्सव के दौरान शहर के विभिन्न इलाकों में स्थापित की गई प्रतिमाओं का शुक्रवार को विसर्जन होने के साथ ही कई दिनों से चल रहे गणेशोत्सव का समापन हुआ। विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं में उत्साह के साथ भावुकता भी देखने को मिली। इस मौके पर यहां मंदिर परिसर में विशाल भंडारे का आयोजन भी हुआ।



