Deoli News 6 अक्टूबर (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) हनुमान नगर पुलिस थाने में नकबजनी तथा सड़क दुर्घटना के दो अलग-अलग आपराधिक मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस ने दोनों मामलों में संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया है। पहला मामला नकबजनी एवं चोरी का है।
परिवादी बाबूलाल मीणा निवासी देवपुरा थाना देवली, हाल निवासी बजाज शोरूम के पीछे, कोटा रोड, हनुमान नगर ने थाने में रिपोर्ट पेश की। रिपोर्ट के अनुसार गत 30 सितंबर की रात करीब 10:45 बजे तक उनके मकान पर ताला लगा हुआ था। वहीं एक अक्टूबर को दिन में करीब 3:53 बजे पड़ोसी ने सूचना दी कि उनके मकान का ताला बाहर टूटा पड़ा है। जब बाबूलाल सावर से अपने मकान पहुंचे, तो अंदर सामान अस्त-व्यस्त मिला और अलमारी टूटी हुई थी। अलमारी में रखे 20 हजार रुपए नकद, सोने की तीन चेन, सोने की एक अंगूठी, एक जोड़ी पायजेब और चांदी के दो कड़े गायब थे। सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य के तौर पर एक बैटरी जब्त की। परिवादी का कहना है कि 3 अक्टूबर की सुबह 4:05 बजे अज्ञात व्यक्ति द्वारा मकान की छत पर पत्थर फेंके गए, जिससे उनका परिवार भयभीत है। पुलिस ने अज्ञात के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर जांच हेड कांस्टेबल महेश कुमार के जिम्मे सौंपी है।
वहीं दूसरा मामला सड़क हादसे का है। झालावाड़ जिले के पनवाड़ थाने से जीरो एफआईआर के जरिए प्राप्त रिपोर्ट पर हनुमान नगर थाने में मामला दर्ज किया गया। परिवादी बद्रीलाल मेहता निवासी बागोद थाना पनवाड़, जिला झालावाड़ ने रिपोर्ट दी कि उनका पुत्र नरेन्द्र कुमार कोटा स्थित जीनियस एसएन एंटरप्राइज में वायरमैन के पद पर ठेकेदार श्रीनाथ नागर के अधीन कार्यरत है। 21 सितंबर को ठेकेदार के निर्देश पर नरेन्द्र अन्य कर्मचारियों के साथ अजमेर गया था। गत 22 सितंबर को कंपनी की मोटरसाइकिल से अजमेर से कोटा लौटते समय देवली बाईपास के पास शाम करीब 8 बजे एक अज्ञात मोटरसाइकिल चालक ने तेज गति व लापरवाही से चलाते हुए टक्कर मार दी। हादसे में नरेन्द्र के दाएं पैर की नस कट गई और पैर में गंभीर चोटें आईं।
घायल का कोटा के निजी अस्पताल में उपचार चल रहा है, जहां डॉक्टरों के अनुसार पैर कटने की नौबत बनी हुई है। परिवादी ने आरोप लगाया कि पूर्व में ठेकेदार ने संपूर्ण इलाज कराने का भरोसा दिया था, लेकिन बाद में मुकर गया। पुलिस ने अज्ञात वाहन चालक के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच सहायक उप निरीक्षक (एएसआई) चेतनलाल के सुपुर्द की है।



