सावर रोड की घटना, डर के मारे एक छात्रा हुई बेसुध
Deoli News 20 जनवरी (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) शहर के सावर मार्ग पर धुंवाला गांव के करीब सोमवार सुबह बूंदी डिपो की बस में बैठे दर्जनों यात्रियों के 20 मिनट डर और अपने बचाव के बीच गुजरे। इस दौरान रोडवेज बस के बाहर खड़े कुछ लोगों ने बस पर झमाझम पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। यात्री एकाएक हुए हमले से समझ भी नहीं पाए।
लिहाजा परिचालक व यात्रियों ने बस को अंदर से बंद कर स्वयं को सुरक्षित किया। वहीं सूचना पर हनुमान नगर थाना पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और बस को यात्रियों समेत सुरक्षित देवली बस स्टैंड भिजवाया। बस में बैठे यात्रियों के अनुसार बूंदी डिपो की बस अजमेर से कोटा के लिए आ रही थी। इस दौरान केकड़ी, सावर और नापाकाखेड़ा से भी कई लोग, कॉलेज छात्राएं बस में सवार हुई। पुलिस के अनुसार यह बस नापाकाखेड़ा गांव से करीब आधा किलोमीटर देवली की ओर आगे आई होगी।
इस दरमियान मार्ग से गुजर रहे किसी टू व्हीलर से टक्कर होने के बात को लेकर यह विवाद उपज गया। इस दौरान चालक और परिचालक तथा बस में बैठे यात्रियों को भी पता नहीं चला कि आखिर बाहर क्या हुआ। बस देवली की ओर आ रही थी। इस बीच बाइकों पर सवार करीब आधा दर्जन लोग आए। जिन्होंने बस को रोक दिया और बड़े-बड़े पत्थर बरसाने शुरू कर दिए। इसे देखकर यात्रियों में कोहराम मच गया। परिचालक व लोगों ने तत्काल रोडवेज बस का गेट बंद किया और लोगों ने विंडो बंद की। यात्रियों ने बताया कि इस दौरान बाहर खड़े लोगों ने लगातार पत्थर बरसाए और गाली गलौज की। पत्थर फेंकने से बस के शीशे टूट गए। इस दरमियान लोगों ने तत्काल हनुमान नगर पुलिस को सूचना दी।
सूचना पर हेड कांस्टेबल रामराय पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे और मामला शांत कराया। हेड कांस्टेबल रामराय ने बस में पुलिसकर्मियों बिठाकर देवली बस स्टैंड के लिए रवाना किया। उन्होंने बताया कि यह मामला सावर थाने का है। लिहाजा प्रकरण की जांच एवं मामले दर्ज भी सावर ही होंगे। हनुमान नगर पुलिस समीप होने के चलते लॉ इन ऑर्डर के लिहाज से मौके पर पहुंची थी। सभी यात्रियों को सुरक्षित देवली पहुंचा दिया गया है। वही सावर थाना पुलिस को सूचना दी गई है। यात्रियों का कहना था कि यदि बस का गेट खोल दिया जाता तो जमकर बवाल होता।
बुरी तरह सहम गए यात्री
उक्त रोडवेज बस में हर उम्र के लोग बैठे थे। इस दौरान देवली में विशेष शिक्षक प्रशिक्षण के लिए आने वाली छात्राएं भी थी। उक्त छात्राओं ने बताया कि 20 मिनट तक वह सब बस में डर के मारे बैठे रहे। इनमें से एक छात्रा बेसुध हो गई। जिसे तत्काल पानी पिलाया और होश में लाया गया। फिलहाल उक्त मामले में प्रकरण दर्ज होने व अग्रिम कार्रवाई सावर थाने में होगी। बस के परिचालक राकेश शर्मा का कहना है नापाकाखेड़ा के करीब उन्होंने एक ट्रक को ओवरटेक किया। इस दौरान एक महिला व एक बच्चा आगे स्कूटी पर थे।
ओवरटेक के दौरान बस से उनकी दूरी एक हाथ से अधिक थी। लेकिन संभवत उक्त महिला बस की आवाज से घबरा गई। जिससे सड़क किनारे स्कूटी उतर गई और महिला असंतुलित होकर गिर गई। वह मामले की रिपोर्ट सवार थाने में देंगे।


