तबीयत खराब हुई तब लगा पता, पुलिस जांच में जुटी
Deoli News 6 नवंबर (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) दूनी क्षेत्र के एक प्राइवेट हॉस्टल संचालक ने 10 वर्षीय बच्ची को अपनी हवस का शिकार बना दिया। वहीं आरोपी बच्ची को जान से मारने की धमकी देकर उससे एक माह तक हैवानियत करता रहा।
बाद में जब बच्ची की तबीयत बिगड़ी तो परिजनों का पता लगा। पुलिस ने इस मामले में पाॅक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दूनी पुलिस के अनुसार यह घटना पिछले साल की है और मामला गत मंगलवार रात दर्ज हुआ। प्रकरण के अनुसार परिजनों ने बीते साल जुलाई में अपनी बेटी और बेटे को दूनी क्षेत्र स्थित एक प्राइवेट हॉस्टल में पढ़ाई के लिए एडमिशन दिलाया था।
परिजनों का आरोप है कि इसी दौरान हॉस्टल संचालक की बच्ची पर बुरी नजर पड़ गई। उसने एक महीने तक मासूम के साथ हैवानियत की। इस दौरान वह बच्ची के भाई को दूसरे कमरे में भिजवा देता था। डर के मारे बच्ची ने किसी को नहीं बताया। बाद में उसने हाॅस्टल जाने से मना कर दिया।
तबीयत बिगड़ी तो लगा पता
इस दौरान जब बच्ची की तबीयत बिगड़ने लगी और उसने हॉस्टल जाने से मना कर दिया। परिजनो ने उसे दूसरे हाॅस्टल में भेज दिया, लेकिन उसकी तबीयत लगातार बिगड़ती रही। इसके बाद परिजनों ने पूछताछ की। इस दौरान बच्ची ने पूरी बात बताई, तो परिजनों के रोंगटे खड़े हो गए। इस पर परिजनों ने तुरंत दूनी थाने में रिपोर्ट दर्ज करवाई।
इस दौरान परिजनों की शिकायत पर पुलिस ने मुख्य आरोपी हॉस्टल संचालक मुकेश गुर्जर सहित चार लोग, इनमें उसके साथी हरिराम मीणा, मनीषा मीणा और वार्डन मनीष गुर्जर के खिलाफ मामला दर्ज किया है। सभी आरोपियों पर पाॅक्सो एक्ट मामला दर्ज किया गया। इधर, पुलिस ने बच्ची का मेडिकल परीक्षण करवाया है और आरोपियों की तलाश में दबिशें दी जा रही हैं। जांच की निगरानी देवली के डीएसपी हेमराज चौधरी कर रहे हैं। जानकारी के अनुसार बुधवार रात अनुसंधान अधिकारी डीएसपी ने हॉस्टल में पहुंचकर जांच पड़ताल की।

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