“गुड टच-बेड टच बताया”
Deoli News 22 दिसंबर (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) स्पर्श अभियान सुरक्षित बचपन के लिए एक अभिनव पहल के तहत तहसील क्षेत्र के आँवा स्थित श्रीसुधा सागर पब्लिक स्कूल में शुक्रवार को गुड टच-बेड टच की थीम पर बच्चों को बाल अपराध से बचने के लिए जागरुक किया।
स्पर्श टीम के प्रयास से अब तक प्रदेश की करीब 700 शिक्षण संस्थाओं में ढाई लाख से अधिक बच्चों को गुड टच-बेड टच के बारे में बताया जा चुका है। इस दौरान राजकीय प्राथमिक विद्यालय दुर्गापुरा की डिजिटल शिक्षिका ललिता पारीक ने सभी छात्र-छात्राओ, शिक्षक एवं शिक्षिकाओ को गुड टच-बेड टच के बारे में बताया। इसमें छात्र-छात्राओं को बताया कि समाज में कई प्रकार की मानसिकता वाले व्यक्ति रहते है। इनमें हल्की मानसिकता वाले लोग बच्चों के साथ गलत हरकत करते है। इसके लिए हमें खुद को जागरूक होना पड़ेगा और अपना बचाव खुद करना पड़ेगा।
यहां बच्चो को प्रोजेक्टर, स्लाईड, पीपीटी व फलेक्स के माध्यम से जानकारी दी गई। वॉलेंटियर अविनाश पारीक ने बताया कि बच्चों के प्रति बढ़ते अपराध का मुख्य कारण बच्चों में जागरूकता की कमी होती हैं। माता–पिता अपना कर्तव्य केवल अपने बच्चों को अच्छी शिक्षा, खाना-पीना, कपड़े पहनना, बड़ों का सम्मान करना और अच्छे संस्कार देने तक सीमित मानते हैं। जबकि वर्तमान समय में बच्चों को यौन शिक्षा देने के साथ ही उन्हें अच्छा स्पर्श, बुरा स्पर्श के बारे में बताना भी एक जरुरी विषय है। बच्चों के प्रति बढ़ते अपराध का मुख्य कारण बच्चों में जागरूकता की कमी होती हैं। वर्तमान में बच्चों को यौन शिक्षा देने के साथ ही उन्हें अच्छा स्पर्श, बुरा स्पर्श के बारे में बताना भी एक जरुरी विषय है।



