चांदी 2 लाख की ओर अग्रसर: दीवाली से पहले 40% तक सिमटा व्यापार, कारीगर हुए प्रभावित
Deoli News 13 अक्टूबर (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) पिछले काफी समय से सोने और चांदी के भाव आसमान छू रहे हैं, और यह बढ़ोतरी धीरे-धीरे जारी है। इसका असर सोने-चांदी के व्यापार पर खासा पड़ा है।
हालांकि, इन्वेस्टर बढ़-चढ़कर इसमें इन्वेस्ट कर रहे हैं, लेकिन महंगाई बढ़ने से जनरल व्यापार प्रभावित हुआ है। आभूषण विक्रेता संजय और अभय सोनी ने बताया कि दीवाली को महज एक सप्ताह रह गया है, लेकिन व्यापार मात्र 30 से 50 प्रतिशत तक सिमट गया है। सोने-चांदी के भाव लगातार बढ़ते जा रहे हैं। सोमवार को 24 कैरेट सोने का भाव प्रति तोला 1,27,800 रहा।
जबकि चांदी 1,72,800 प्रति किलोग्राम के करीब है। सोने-चांदी के भाव 2 गुना बढ़ चुके हैं। पूर्व में जहां दीपावली के वक्त चांदी का सिक्का खरीदा जाता था, वह पिछले वर्ष के मुकाबले इस बार डबल (दुगुने) मूल्य में मिलेगा। बता दें कि गत वर्ष दीवाली के वक्त सोना 72,200 रुपए प्रति तोला था, जबकि चांदी करीब 91,400 प्रति किलोग्राम थी। जानकारों का कहना है कि सोना और चांदी के भाव और बढ़ सकते हैं।
बढ़े हुए भावों की वजह से दुकानदार सोने-चांदी के भाव के अनुसार 90% एडवांस जमा कराने पर ही डील तय कर रहे है, वहीं उधार न के बराबर हो चुका है। व्यापारियों का कहना है कि सोने-चांदी के बढ़ते भावों की वजह से ज्वेलरी (आभूषण) की खरीद कम हो गई है। ज्यादातर इन्वेस्टर सोने-चांदी की खरीद में रुचि दिखा रहे हैं। इसका असर सोने-चांदी के कारीगरों पर पड़ा है, जिनके पास काम कम हुआ है। जहां दीवाली से एक सप्ताह पूर्व दुकानों पर भीड़ पड़ी रहती थी, इस बार धंधा महज 30 से 50 प्रतिशत तक रह गया है।
इसी तरह व्यापारी दिनेश जैन सर्राफ़ का कहना है कि व्यापारियों को आगे से माल नहीं मिल रहा है। यह व्यवस्था सुधरनी चाहिए। मांग के मुकाबले आपूर्ति कम है और सोने चांदी में आग लगी है। धंधा मात्र 30 परसेंट तक सिमट कर रह गया। व्यापारी ठाले बैठे हैं।


