बीसलपुर बांध की भराव क्षमता बढ़ाने का विरोध तेज
Deoli News 3 अप्रैल (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) बीसलपुर बांध की जल भराव क्षमता बढ़ाने के विरोध में उपखंड अधिकारी कार्यालय देवली के बाहर चल रहे अनिश्चितकालीन धरने को शुक्रवार को उस समय नया बल मिला, जब देवली-उनियारा विधानसभा क्षेत्र से निर्दलीय प्रत्याशी रह चुके नरेश मीणा प्रदर्शनकारियों के बीच पहुंचे।
दरअसल पिछले 102 दिनों से अपनी मांगों को लेकर डटे ग्रामीणों और विस्थापितों से संवाद करते हुए मीणा ने सरकार और प्रशासन की कार्यशैली पर सवाल उठाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जल्द ही शासन की ओर से कोई ठोस और संतोषजनक समाधान नहीं निकाला गया, तो इस संघर्ष को सड़कों पर उतरकर एक बड़े आंदोलन का रूप दिया जाएगा। नगर फोर्ट से कोटा जाते समय बीच में रुके नरेश मीणा ने पत्रकारों से मुखातिब होते हुए कहा कि लोकतंत्र में जनता की आवाज की इस तरह अनदेखी करना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने इस बात पर चिंता व्यक्त की कि तीन महीने से अधिक का समय बीत जाने के बाद भी शासन-प्रशासन की ओर से कोई सकारात्मक पहल नहीं की गई है।
नरेश मीणा ने बांध की क्षमता बढ़ाने के निर्णय को स्थानीय हितों के खिलाफ बताते हुए कहा कि इस परियोजना से करीब 68 गांव डूब क्षेत्र में आ जाएंगे, जिससे हजारों लोगों का जीवन और रोजगार प्रभावित होगा। उन्होंने स्थानीय लोगों की मांगों को जायज ठहराते हुए जल्द ही एक निर्णायक रणनीति तैयार कर विरोध प्रदर्शन तेज करने का आह्वान किया। धरने को संबोधित करने के दौरान नरेश मीणा ने क्षेत्र में सक्रिय बजरी माफियाओं और गाद के नाम पर चल रहे अवैध गोरखधंधे के खिलाफ भी मोर्चा खोलने की बात कही। उन्होंने कहा कि विकास के नाम पर भ्रष्टाचार और प्राकृतिक संसाधनों का दोहन बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। करीब 20 मिनट तक धरनार्थियों के साथ समय बिताने और उनका हौसला बढ़ाने के बाद वह कोटा के लिए रवाना हो गए।
इस दौरान अंबेडकर विचार मंच के अध्यक्ष पांचूलाल मीणा, पूर्व अध्यक्ष यादराम मीणा, कुलदीप सिंह मीणा और बंशी मीणा सहित ग्रामीण उपस्थित थे। जाते-जाते उन्होंने देवली में आगामी अंबेडकर जयंती कार्यक्रम में भी शिरकत करने की बात कही।


