Jahazpur News 7 मार्च (आज़ाद नेब) स्वस्ति धाम अतिशय क्षेत्र में गुरुवार को तीन संघो के सानिध्य में मुनी सुव्रतनाथ भगवान का निर्वाण कल्याणक महोत्सव मनाया गया। इसमें अलग-अलग जगह से आए श्रद्धालुओं ने भक्ति भावपूर्वक पूजा अर्चना की।
मीडिया प्रभारी नेमीचंद जैन ने बताया कि सुबह संगीतमय मुनि सुव्रतनाथ विधान किया गया। वहीं बाद में अभिषेक क्रिया पं जयकुमार शास्त्री व प्रवक्ता भानु कुमार जैन के सहयोग से हुई। मुख्य शांतिधारा का पुण्यार्जन ताराचंद संजय जैन, जितेंद्र जैन, कमलेश ठोलिया परिवार (निमाज , ब्यावर) ने प्राप्त की। इसके बाद 20 किलो का निर्माण लड्डू चढ़ाने का सौभाग्य पिंकी, रिंकी रितेश, प्रतीक जैन को प्राप्त हुआ। इस कार्यक्रम में तीन-तीन संघो का सानिध्य एवं आशीर्वाद प्राप्त हुआ। आचार्य विशुद्ध सागर के संघस्थ मुनि 108 शुभम सागर व सक्षम सागर, आचार्य इंद्रनंदी के संघस्थ बालाचार्य निपुण सागर, निर्भय सागर, आर्यिका शुद्धश्री, संयमश्री का आशीर्वाद प्राप्त हुआ। बालाचार्य निपुण सागर ने धर्म सभा को धर्म सभा को संबोधित करते हुए बताया कि कई जन्मों के पुण्य संचय होने के बाद मनुष्य जन्म और उसमें भी जैन कुल मिलता है। जिस प्रकार भगवान मुनिसुव्रतनाथ पद्मासन लगाकर विराजमान है, एक दिन हमें भी भगवान के समान बनना है। क्षुल्लिका अर्हतमति, क्षुल्लक परिणाम सागर सहित पूरा संघ विराजमान था।
कार्यक्रम के दौरान कमेटी के पारस कुमार, दानमल जैन, धनराज जैन, पदम छाबड़ा, प्रकाश जैन, अनिल जैन, महावीर धौड़, राजू पोद्दार एवं समाज के सभी लोग एवं महिलाएं उपस्थित थी।


