Deoli News 31 अगस्त (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) दशलक्षण महापर्व के चौथे दिन रविवार को जैन मंदिरों में ‘उत्तम शौच’ धर्म की पूजा की गई। इस दौरान महावीर दिगंबर जैन मंदिर, श्री पारसनाथ दिगंबर जैन मंदिर नासिरदा और श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर पटेल नगर देवली में लोगों ने धार्मिक कार्यक्रमों में भाग लिया।
इन मंदिरों में भगवान आदिनाथ, महावीर स्वामी, शांतिनाथ और पार्श्वनाथ का अभिषेक और शांतिधारा की गई। इसके अलावा, पुष्पदंत भगवान के निर्वाण दिवस पर लड्डू चढ़ाए गए। ‘उत्तम शौच’ धर्म पर लोभ और लालच का त्याग कर संतोष धारण करने का संदेश दिया गया। संतोष से व्यक्ति की आत्मा शुद्ध होती है और कई गुणों का भंडार प्राप्त होता है। इस अवसर पर शाम को महावीर दिगंबर जैन मंदिर में 48 दीपों के साथ भक्तामर पाठ का आयोजन किया गया। यह जानकारी विशाल जैन ने दी।
श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर नासिरदा में भी 48 दीपों द्वारा भक्तामर पाठ और महाआरती का आयोजन हुआ। वहीं पटेल नगर स्थित श्री पार्श्वनाथ दिगंबर जैन मंदिर में बोलियों के माध्यम से अभिषेक और शांतिधारा की गई। यहां सांगानेर से आई दीदियों और भजन गायकों के साथ दशलक्षण और इंद्र ध्वज महामंडल विधान की पूजा भी हुई। शाम की महाआरती का अवसर बड़जात्या परिवार को हैं।



