Deoli News 8 अगस्त (दैनिक ब्यूरो नेटवर्क) श्रावण कृष्ण पक्ष की हरियाली अमावस्या इस बार 12 अगस्त बुधवार को मनाई जाएगी। ज्योतिषीय गणना के अनुसार इस दिन शिव-शक्ति की आराधना के साथ चतुर्थ ग्रही योग बन रहा है।
मनु ज्योतिष एवं वास्तु शोध संस्थान टोंक के निदेशक बाबूलाल शास्त्री ने बताया कि अमावस्या तिथि बुधवार को सूर्योदय से रात 11.06 बजे तक रहेगी। उन्होंने बताया कि सूर्योदय से सुबह 7.59 बजे तक गुरु पुष्यामृत, गजकेसरी और सूर्यबुधादित्य योग का संयोग बन रहा है। साथ ही चंद्र, बुध, गुरु और सूर्य के ग्रहों के समन्वय से चतुर्थ ग्रही योग बन रहा है। शास्त्री के अनुसार इस दौरान शिव-शक्ति, पितृ, कुलदेवता और अन्य देवताओं की पूजा-अर्चना करना विशेष फलदायी माना गया है।
ग्रहों के प्रभाव से मानसून सक्रिय होने और वर्षा योग बनने की भी संभावना बताई गई है। शास्त्री ने कहा कि हरियाली अमावस्या पर भगवान शिव का अभिषेक जल, पंचामृत, बिल्व पत्र, केसरयुक्त चंदन, पंचमेवा, आक और धतूरे के पुष्प आदि से कर पूजा करनी चाहिए। इस दौरान ‘ॐ नमः शिवाय’ का जाप करना भी शुभ माना गया है। शिव और शक्ति सृष्टि के आधार तथा एक-दूसरे के पूरक हैं और हरियाली अमावस्या पर इनकी आराधना विशेष महत्व रखती है।



